बांका। बिहार के बांका जिले से एक ऐसी दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जिसने मानवीय संवेदनाओं को तार-तार कर दिया है। जिले के बेलहर प्रखंड अंतर्गत जिलेबियामोड़ थाना क्षेत्र के डुमरहार गांव के समीप रविवार की शाम एक महिला का कटा हुआ सिर बरामद होने से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। इस बर्बरतापूर्ण घटना के बाद से स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश और खौफ का माहौल है। पुलिस ने घटनास्थल से खून से सने कपड़े भी बरामद किए हैं, लेकिन मृतका का धड़ अब भी लापता है, जिसकी तलाश के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। मिली जानकारी के अनुसार, मृतका की पहचान रांगा गांव निवासी विकास पंडित की 26 वर्षीय पत्नी प्रियंका कुमारी के रूप में हुई है। हत्यारों ने साक्ष्य मिटाने और पहचान छुपाने की नीयत से प्रियंका की गला काटकर हत्या की और उसके सिर को डुमरहार गांव के पास करीब डेढ़ फीट जमीन के नीचे दफन कर दिया था। लेकिन रविवार की शाम कुछ आवारा कुत्तों ने जमीन को नोचकर उस कटे हुए सिर को बाहर निकाल दिया। वहां से गुजर रहे राहगीरों की नजर जब इस भयावह और वीभत्स दृश्य पर पड़ी, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। देखते ही देखते वहां ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई, जिसके बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत जिलेबियामोड़ थाना पुलिस को मामले की सूचना दी।
घटना की खबर मिलते ही मृतका के पिता सुखदेव पंडित और भाई मंटू पंडित मौके पर पहुंचे और कटे हुए सिर की शिनाख्त प्रियंका के रूप में की। मृतका के पिता ने बताया कि रविवार की सुबह ही उन्हें अपनी बेटी के लापता होने की सूचना मिली थी। अनहोनी की आशंका को देखते हुए उन्होंने तुरंत जिलेबियामोड़ थाने में ससुराल वालों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन शाम होते-होते उनकी सबसे बुरी आशंका सच में बदल गई। परिजनों का सीधा आरोप है कि ससुराल वालों ने ही मिलकर प्रियंका की गला रेतकर बेरहमी से हत्या की है और शव को गायब करने के उद्देश्य से उसे अलग-अलग हिस्सों में ठिकाने लगा दिया। इस जघन्य हत्याकांड का सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि प्रियंका अपने पीछे तीन छोटी-छोटी बेटियों को छोड़ गई है। इनमें से सबसे छोटी बेटी की उम्र महज 9 महीने है, जिसे यह भी नहीं पता कि उसकी मां अब इस दुनिया में नहीं रही। मां की ममता के अचानक इस तरह छिन जाने से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरा गांव इस दुखद घटना से स्तब्ध है। घटना की गंभीरता को देखते हुए बेलहर के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) रविंद्र मोहन प्रसाद के नेतृत्व में पुलिस बल तुरंत एक्शन में आया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मृतका के पति विकास पंडित, सास विमला देवी और एक नाबालिग ननद को हिरासत में ले लिया है। पुलिस इन सभी से कड़ाई से पूछताछ कर रही है। वहीं, घटना के बाद से ससुराल पक्ष के अन्य सदस्य घर छोड़कर फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है। एसडीपीओ रविंद्र मोहन प्रसाद ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा, "प्रथम दृष्टया यह पूरी तरह से गला काटकर हत्या का मामला है। मृतका के धड़ को बरामद करने के लिए पुलिस की टीमें व्यापक खोजबीन अभियान चला रही हैं। मामले की वैज्ञानिक जांच के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला (FSL) की टीम को बुलाया गया है, साथ ही डॉग स्क्वायड की मदद से घटनास्थल के आसपास से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। पुलिस अब इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही है कि इस खौफनाक और बर्बर हत्याकांड के पीछे का असली मकसद (मोटिव) क्या था। क्या यह घरेलू विवाद का नतीजा था या इसके पीछे कोई और बड़ी साजिश थी, इसका खुलासा आरोपियों से पूछताछ और फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। फिलहाल, पूरे इलाके में तनाव और मातम पसरा हुआ है।

